

उन्होंने चेताया कि अरावली रेगिस्तान की रेत को रोकने वाली प्राकृतिक दीवार है। इसके कमजोर होने से शहरों में धूल, प्रदूषण और सांस संबंधी बीमारियां बढ़ेंगी। इसका सीधा असर पर्यावरण और मानव जीवन पर पड़ेगा। धरने में शहर जिलाध्यक्ष फतेह सिंह राठौड़, प्रदेश सचिव दिनेश श्रीमाली, अजय सिंह, धर्मेंद्र राजोरा, गौरव प्रताप सिंह, पर्यावरण प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष प्रतीक नागर सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।