
उदयपुर. स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत उदयपुर में 940 करोड़ रुपए खर्च कर 112 काम पूरे कर दिए गए। लेकिन हैरानी की बात यह है कि इन करोड़ों की योजनाओं में राहगीरों के लिए सुरक्षित लेन बनाने का विजन तक नहीं दिखा। उल्टे जहां पहले फुटपाथ बने हुए थे, उन्हें भी चौड़ाई और पार्किंग के नाम पर हटा दिया गया। हिरणमगरी की स्मार्ट रोड इसका बड़ा उदाहरण है। यहां 36 करोड़ रुपए खर्च कर बीच सडक़ पर पार्क बना दिया गया, जिससे 100- 50 फीट चौड़ीसडक़ वाहनों के लिए भी संकरी पड़ गई, फुटपाथ पर कब्जे हो गए। इसके अलावा सूरजपोल चौराहे को बिगाडकऱ यहां फुटपाथ ही खत्म कर दिया। उदियापोल पर बना फुटपाथ स्ट्रीट वेंडर को दे दिया गया।